Home Blog Page 96

​भागलपुर में कूड़े के ढेर में मिला 10 वर्षीय मासूम का शव, इलाके में फैला तनाव

0

Bhagalpur News: भागलपुर के ललमटिया थाना क्षेत्र से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने मानवता को शर्मसार कर दिया है। सोमवार की सुबह नाथनगर के श्री चंपापुर दिगंबर जैन मंदिर के पास उस समय सनसनी फैल गई, जब नगर निगम के कूड़ा ढोने वाले ठेले में एक 10 साल के बच्चे का शव मिला। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में आक्रोश और मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।

​सफाईकर्मियों ने देखा शव, मचा हड़कंप

​मिली जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह जब नगर निगम के सफाईकर्मी रूटीन सफाई के लिए पहुंचे, तो उनकी नजर कूड़ा ढोने वाले ठेले के अंदर पड़े एक बच्चे के शव पर पड़ी। देखते ही देखते मौके पर लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। मृतक की पहचान ललमटिया थाना क्षेत्र के रहने वाले मोहम्मद इजहार के पुत्र मोहम्मद शमीर (10 वर्ष) के रूप में हुई है। शमीर के पिता पास के ही ललमटिया चौक पर एक मीट की दुकान में काम करते हैं।

​परिजनों का आरोप: हत्या कर साक्ष्य मिटाने की कोशिश

​शमीर की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। मृतक के मामा और अन्य परिजनों का स्पष्ट आरोप है कि किसी अज्ञात अपराधी ने बेरहमी से बच्चे की हत्या की और फिर सबूत मिटाने की नियत से शव को कूड़े के ठेले में फेंक दिया। परिजनों के विलाप और आक्रोश को देखकर माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने आरोपियों की अविलंब गिरफ्तारी की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया।

​छावनी में तब्दील हुआ इलाका, FSL की टीम पहुंची

​घटना की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने तुरंत मोर्चा संभाला। मौके पर सिटी डीएसपी 2 राकेश कुमार के नेतृत्व में चार थानों की पुलिस बल तैनात कर दी गई। साक्ष्य जुटाने के लिए FSL (विधि विज्ञान प्रयोगशाला) की टीम को बुलाया गया, जिन्होंने घटनास्थल से वैज्ञानिक नमूने एकत्र किए हैं।

​CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस

​पुलिस प्रशासन ने आक्रोशित लोगों को शांत कराते हुए निष्पक्ष जांच का भरोसा दिया है। जांच के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:

  • ​CCTV जांच: ललमटिया थाना क्षेत्र और जैन मंदिर के आसपास लगे सभी कैमरों की फुटेज निकाली जा रही है ताकि यह पता चल सके कि शव को ठेले में कब और किसने डाला।
  • ​पोस्टमार्टम रिपोर्ट: शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, जिसकी रिपोर्ट से मौत के असली कारणों (गला घोंटना, चोट या अन्य) का खुलासा होगा।
  • ​संदिग्धों से पूछताछ: पुलिस कुछ संदिग्धों और स्थानीय लोगों से पूछताछ कर रही है।

​अधिकारियों और परिजनों के बयान

​“मामला दर्ज कर लिया गया है। FSL की टीम ने साक्ष्य संकलन किया है। हम तकनीकी जांच और CCTV फुटेज के आधार पर अपराधियों की पहचान कर रहे हैं। जल्द ही आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे।”

— राकेश कुमार, सिटी डीएसपी 2, भागलपुर

 

​“हमारा बच्चा कल से ही लापता था (या घर के पास था)। किसी ने उसे मारकर कूड़े में फेंक दिया। हमें इंसाफ चाहिए, पुलिस जल्द से जल्द हत्यारे को पकड़े।”

— शोक संतप्त परिजन

 

​सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

​मंदिर जैसे पवित्र और भीड़भाड़ वाले इलाके के पास इस तरह की वारदात ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों में इस बात को लेकर डर और नाराजगी है कि आखिर बेखौफ अपराधियों ने इस जघन्य अपराध को अंजाम कैसे दिया।

जनगणना 2027: बिहार के डिप्टी सीएम बिजेंद्र यादव ने की स्व-गणना, राज्यवासियों से की खास अपील

0

Patna News: देश की सबसे बड़ी राष्ट्रीय कवायद, ‘भारत की जनगणना-2027’ की आहट के साथ ही बिहार में डिजिटल क्रांति का असर दिखने लगा है। बिहार के उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने इस अभियान में अग्रणी भूमिका निभाते हुए स्वयं अपनी स्व-गणना (Self-Enumeration) की। इस मौके पर उन्होंने राज्य के नागरिकों से इस ऐतिहासिक और तकनीकी पहल का हिस्सा बनने का आह्वान किया।

​डिप्टी सीएम ने स्वयं पोर्टल पर दर्ज किया विवरण

​राजधानी पटना में अपनी स्व-गणना प्रक्रिया पूरी करने के बाद उपमुख्यमंत्री ने कहा कि जनगणना-2027 केवल आंकड़ों का संग्रह नहीं, बल्कि देश के भविष्य की रूपरेखा है। पहली बार आम नागरिकों को यह सुविधा दी गई है कि वे प्रगणक (Enumerator) के घर आने का इंतजार किए बिना खुद अपनी जानकारी ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज कर सकते हैं। यह कदम पारदर्शिता और सटीकता सुनिश्चित करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।

​कैसे और कब तक करें स्व-गणना?

​उपमुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि स्व-गणना की प्रक्रिया 17 अप्रैल 2026 से शुरू हो चुकी है और 1 मई 2026 तक जारी रहेगी।

  • ​आधिकारिक पोर्टल: नागरिक https://se.census.gov.in पर जाकर अपना विवरण भर सकते हैं।
  • ​पंजीकरण प्रक्रिया: परिवार के मुखिया का नाम और किसी एक सदस्य के मोबाइल नंबर के जरिए आसानी से रजिस्ट्रेशन किया जा सकता है।
  • ​उपकरण: यह प्रक्रिया स्मार्टफोन, लैपटॉप या कंप्यूटर के जरिए घर बैठे पूरी की जा सकती है।

​Self-Enumeration ID (SE ID) है बेहद जरूरी

​ उपमुख्यमंत्री ने बताया कि ऑनलाइन फॉर्म भरने के बाद हर परिवार को एक विशिष्ट SE ID प्राप्त होगी। जब 2 मई से प्रगणक घर-घर पहुंचेंगे, तब उन्हें केवल यह आईडी दिखानी होगी। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि आंकड़ों में त्रुटि की गुंजाइश भी खत्म हो जाएगी।

​विकास योजनाओं का बनेगा आधार

बिजेंद्र प्रसाद यादव ने इस डिजिटल पहल के फायदों पर जोर देते हुए कहा:

​”सटीक आंकड़ों से ही सरकार को सही विकास योजनाएं बनाने में मदद मिलती है। चाहे वह आधारभूत संरचना हो या सामाजिक सुरक्षा, डिजिटल जनगणना से प्राप्त आंकड़े जनकल्याणकारी कार्यक्रमों के बेहतर क्रियान्वयन में सहायक होंगे।”

 

​बिहार को अग्रणी बनाने की अपील

​अंत में उन्होंने बिहारवासियों से अपील की कि वे इस निर्धारित अवधि (17 अप्रैल – 1 मई) के भीतर अपनी जानकारी पोर्टल पर दर्ज करें। उन्होंने विश्वास जताया कि बिहार इस डिजिटल जनगणना अभियान में देश का अग्रणी राज्य बनकर उभरेगा।

​प्रमुख तिथियां याद रखें:

  • ​स्व-गणना अवधि: 17 अप्रैल 2026 से 01 मई 2026 तक।
  • ​प्रथम चरण की शुरुआत: 02 मई 2026 से।

सड़कों पर सघन वाहन जांच से हड़कंप, नियम तोड़ने वालों के कटे धड़ाधड़ चालान

0

Bhagalpur News: भागलपुर जिले में अपराध नियंत्रण और सड़क सुरक्षा को पुख्ता करने के उद्देश्य से ललमटिया थाना क्षेत्र में एक व्यापक और सघन वाहन जांच अभियान चलाया गया। इस अचानक हुई कार्रवाई से वाहन चालकों के बीच हड़कंप मच गया। पुलिस ने न केवल यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर शिकंजा कसा, बल्कि संदिग्ध वाहनों की भी बारीकी से तलाशी ली।

​बड़े अधिकारियों के नेतृत्व में हुई कार्रवाई

​यह अभियान डीएसपी टू राकेश कुमार के नेतृत्व में चलाया गया, जिसमें थानाध्यक्ष दीपक पासवान और ललमटिया थाने की पुलिस टीम ने सक्रिय भूमिका निभाई। पुलिस बल ने क्षेत्र के मुख्य चौक-चौराहों और संवेदनशील रास्तों पर बैरिकेडिंग कर आने-जाने वाले हर वाहन की सघनता से जांच की।

​सुरक्षा मानकों पर पुलिस की पैनी नजर

​जांच के दौरान पुलिस का मुख्य फोकस निम्नलिखित बिंदुओं पर रहा:

  • ​दोपहिया वाहन: हेलमेट की अनिवार्य जांच और ट्रिपल लोडिंग पर रोक।
  • ​दस्तावेजों की पड़ताल: ड्राइविंग लाइसेंस (DL), रजिस्ट्रेशन कार्ड (RC) और इंश्योरेंस की गहन जांच।
  • ​सुरक्षा मानक: चारपहिया वाहनों में सीट बेल्ट और काली फिल्म की जांच।

​जुर्माने के साथ सख्त हिदायत

​नियमों की अनदेखी करने वाले दर्जनों चालकों के खिलाफ ऑन-द-स्पॉट कार्रवाई की गई और मोटर वाहन अधिनियम के तहत चालान काटे गए। डीएसपी टू राकेश कुमार ने स्पष्ट किया कि यातायात नियमों की अनदेखी न केवल दंडनीय है, बल्कि यह जानलेवा भी हो सकती है।

​”अपराध नियंत्रण के लिए वाहनों की रैंडम चेकिंग अनिवार्य है। इस अभियान का उद्देश्य लोगों में कानून के प्रति सम्मान पैदा करना और अपराधियों की आवाजाही पर रोक लगाना है।” – पुलिस प्रशासन

 

​जारी रहेगा अभियान

​थानाध्यक्ष ने बताया कि यह कोई एक दिन की कार्रवाई नहीं है। आने वाले दिनों में यह अभियान और भी कड़ा किया जाएगा। विशेष रूप से देर शाम और रात के समय संदिग्ध वाहनों और शराब के नशे में वाहन चलाने वालों पर पुलिस की विशेष नजर रहेगी।

सिटी एसपी के औचक निरीक्षण से पुलिस महकमे में हड़कंप, लंबित मामलों को लेकर दी कड़ी चेतावनी

0

Bhagalpur News: भागलपुर जिले की पुलिस व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाने और आम जनता को त्वरित न्याय दिलाने के उद्देश्य से सिटी एसपी शैलेन्द्र सिंह ने ललमटिया थाना का औचक निरीक्षण किया। इस औचक दौरे से थाना परिसर में दिनभर हलचल मची रही। एसपी ने न केवल फाइलों को खंगाला, बल्कि पुलिस पदाधिकारियों की कार्यशैली की भी गहन समीक्षा की।

​पेंडिंग फाइलों पर बरसे एसपी, दिया अल्टीमेटम

​निरीक्षण के दौरान सिटी एसपी ने कांडों के अनुसंधान में देरी पर नाराजगी जताई। उन्होंने सीसीटीएनएस (CCTNS) प्रणाली और थाना के अभिलेखों के संधारण की जांच की। एसपी ने स्पष्ट लहजे में कहा कि किसी भी मामले को अनावश्यक रूप से लटका कर न रखा जाए।

​”पुलिस का काम जनता की समस्याओं का समाधान करना है, न कि केस को पेंडिंग रखना। सभी लंबित मामलों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निष्पादन हर हाल में सुनिश्चित होना चाहिए।” – शैलेन्द्र सिंह, सिटी एसपी

 

​इन विशेष बिंदुओं पर रहा फोकस

​निरीक्षण के दौरान सिटी एसपी ने निम्नलिखित महत्वपूर्ण मामलों की समीक्षा की और कड़े निर्देश दिए:

  • ​रिपोर्ट्स में तेजी: एफएसएल (FSL) रिपोर्ट, इंजरी रिपोर्ट और केवाईसी रिपोर्ट से जुड़े मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए।
  • ​फरार अपराधियों पर शिकंजा: वारंटी, सामान्य वारंट और कुर्की (Property Attachment) से संबंधित पुराने मामलों को जल्द से जल्द निष्पादित करने को कहा गया।
  • ​रिकॉर्ड का रख-रखाव: थाना के अभिलेखों को अद्यतन (Update) रखने पर विशेष जोर दिया गया।

​आम जनता के प्रति संवेदनशील पुलिसिंग

​अधिकारियों को निर्देश देते हुए एसपी सिटी ने कहा कि थाने में आने वाली आम जनता के साथ पुलिस का व्यवहार संवेदनशील और सहयोगात्मक होना चाहिए। पुलिसिंग ऐसी हो कि अपराधी डरें और आम नागरिक सुरक्षित महसूस करें।

​मौके पर उपस्थित अधिकारी

​इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक और निरीक्षण के दौरान डीएसपी टू राकेश कुमार, ललमटिया थाना प्रभारी दीपक पासवान समेत जिले के अन्य वरिष्ठ पुलिस पदाधिकारी मौजूद रहे।

नाथनगर में शॉर्ट सर्किट से भीषण आग, आधा दर्जन घर जलकर राख

0

Bhagalpur News: भागलपुर जिले के नाथनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत गोसाईंदासपुर गांव के वार्ड संख्या 5 स्थित यादव टोला में रविवार को शॉर्ट सर्किट के कारण भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और करीब आधा दर्जन घर इसकी चपेट में आ गए।
इस अगलगी की घटना में घरों में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। पीड़ित परिवारों के अनुसार आग इतनी तेजी से फैली कि किसी को सामान निकालने तक का मौका नहीं मिला।
आग लगते ही पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय ग्रामीणों ने तत्परता और बहादुरी दिखाते हुए घरों में फंसे लोगों, खासकर छोटे बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 की पुलिस मौके पर पहुंची और नाथनगर थाना को सूचित किया गया। इसके बाद दमकल विभाग की गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंचीं और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
पीड़ित रामजी यादव ने बताया कि इस आग में उनका पूरा घर जलकर राख हो गया, जिसमें नकद रुपये, अनाज, कपड़े, फर्नीचर और जेवर सहित सभी सामान नष्ट हो गए। वहीं मिथुन यादव, राकेश यादव, छोटू यादव, उमेश यादव और पंकज यादव के घर भी पूरी तरह प्रभावित हुए हैं।
नाथनगर इंस्पेक्टर राजीव रंजन सिंह ने बताया कि दमकल टीम की तत्परता के कारण आग पर समय रहते नियंत्रण पा लिया गया। प्रशासन की ओर से सभी पीड़ित परिवारों को अंचलाधिकारी के पास आवेदन देने का निर्देश दिया गया है, ताकि उन्हें सरकारी सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

फिलहाल प्रशासन नुकसान का आकलन करने में जुटा है और पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद दिलाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

सबौर में विदेशी फल की एंट्री: अब बिहार के खेतों में भी लहलहाएगी ‘ब्लूबेरी’, किसानों की चमकेगी किस्मत

0

Bhagalpur News:  बिहार की खेती अब पारंपरिक धान-गेहूँ के दायरे से बाहर निकलकर अंतरराष्ट्रीय बाजारों की ओर कदम बढ़ा रही है। भागलपुर के बिहार कृषि विश्वविद्यालय (BAU), सबौर ने एक ऐतिहासिक पहल करते हुए विदेशी फल ‘ब्लूबेरी’ की खेती का सफल परीक्षण शुरू कर दिया है। अब तक अमेरिका और कनाडा जैसे ठंडे देशों की पहचान माना जाने वाला यह फल अब बिहार के किसानों के लिए मुनाफे की नई गारंटी बनने जा रहा है।

​कुलपति डॉ. डी.आर. सिंह: किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में बड़ा कदम

​विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. डी.आर. सिंह ने इस नई शुरुआत पर खुशी जताते हुए कहा कि आज के समय में किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए हाई-वैल्यू फसलों की जरूरत है।

​”हमारा लक्ष्य पारंपरिक फसलों के साथ-साथ किसानों को ऐसी फसलों की ओर ले जाना है, जिनकी बाजार में भारी मांग है। ब्लूबेरी की खेती न केवल बिहार की बागवानी में नया अध्याय जोड़ेगी, बल्कि किसानों के लिए कमाई का एक बड़ा जरिया साबित होगी।” – डॉ. डी.आर. सिंह

 

​सुपरफूड है ब्लूबेरी, सेहत और स्वाद का बेजोड़ संगम

​कृषि वैज्ञानिक डॉ. प्रीति सिंह ने ब्लूबेरी की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए इसे एक ‘सुपरफूड’ बताया। उन्होंने कहा कि:

  • ​बीमारियों से लड़ने की शक्ति: इसमें प्रचुर मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं, जो कैंसर और हृदय रोग जैसी गंभीर बीमारियों से बचाव में सहायक होते हैं।
  • ​बढ़ती मांग: भारतीय बाजारों में ब्लूबेरी की मांग तेजी से बढ़ी है, लेकिन आपूर्ति विदेशों से होती है। अब बिहार में इसकी पैदावार होने से उपभोक्ताओं को ताज़ा फल मिलेगा और किसानों को ऊँची कीमत।

​बिहार की मिट्टी में विदेशी स्वाद

​सबौर विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों की यह टीम अब यह सुनिश्चित करने में जुटी है कि बिहार की जलवायु में ब्लूबेरी के कौन से ‘कल्टीवर्स’ सबसे ज्यादा उत्पादकता दे सकते हैं। यदि यह प्रयोग व्यापक स्तर पर सफल होता है, तो वह दिन दूर नहीं जब बिहार ‘ब्लूबेरी हब’ के रूप में जाना जाएगा।

​

​ब्लूबेरी की यह एंट्री बिहार के कृषि परिदृश्य को बदलने की ताकत रखती है। अब देखना यह है कि प्रदेश के प्रगतिशील किसान इस तकनीक और नई फसल को कितनी जल्दी अपनाते हैं। यह पहल न केवल खेती को आधुनिक बनाएगी बल्कि बिहार के युवाओं को कृषि उद्यमिता (Agri-Entrepreneurship) की ओर प्रेरित करेगी।

​रिपोर्ट: आलोक कुमार झा, भागलपुर

भोजपुर आभूषण चोरी कांड में बिहार STF का बड़ा एक्शन: बेगूसराय से शातिर ‘अशोक साह’ गिरफ्तार, 26 किलो चांदी बरामद

0

Patna/Begusarai: बिहार में ‘शटरकटवा गैंग’ और चोरी के जेवरातों के सिंडिकेट के खिलाफ बिहार एसटीएफ (STF) को एक बड़ी कामयाबी मिली है। भोजपुर जिले के गजराजगंज में हुई बड़ी आभूषण चोरी के मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी अशोक साह को एसटीएफ, भोजपुर और बेगूसराय पुलिस की संयुक्त टीम ने गिरफ्तार कर लिया है।

​भारी मात्रा में चांदी के बिस्कुट बरामद

​पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर बेगूसराय के फुलवरिया थाना क्षेत्र में छापेमारी की। इस दौरान अभियुक्त अशोक साह के पास से भारी मात्रा में चोरी का माल बरामद हुआ:

  • ​बरामदगी: चांदी के बिस्कुट और अन्य आभूषण।
  • ​कुल वजन: 26 किलो 300 ग्राम।

​ऐसे खुला चोरी का राज (यूपी कनेक्शन)

​यह पूरा मामला 18 फरवरी 2026 को भोजपुर के गजराजगंज में हुई एक दुकान की चोरी से जुड़ा है। पुलिस ने तकनीकी जांच के आधार पर सबसे पहले सोनपाल (निवासी: शाहजहाँपुर, उत्तर प्रदेश) को गिरफ्तार किया था। सोनपाल ने पूछताछ में खुलासा किया कि उसने चोरी किए गए सारे जेवरात बेगूसराय के ‘पंचवटी ज्वेलर्स’ के मालिक अशोक साह को बेचे थे। इसी निशानदेही पर STF ने जाल बिछाकर अशोक साह को दबोच लिया।

​पुलिस की बड़ी उपलब्धि

​अशोक साह (पिता: स्व. रामेश्वर साह) भोजपुर पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ था। वह गजराजगंज थाना कांड संख्या 85/26 में मुख्य आरोपी था। एसटीएफ की इस त्वरित कार्रवाई से आभूषण व्यापारियों के बीच चोरी का माल खरीदने और बेचने वाले गिरोह में हड़कंप मच गया है।

भागलपुर पुलिस की बड़ी पहल: “स्वस्थ युवा-स्वस्थ भागलपुर” अभियान का आगाज़, नशे के खिलाफ छिड़ेगी जंग

0

Bhagalpur News: भागलपुर जिले के युवाओं को नशे के चंगुल से बचाने और मादक पदार्थों के अवैध कारोबार की कमर तोड़ने के लिए भागलपुर पुलिस ने एक विशेष महाभियान का बिगुल फूंक दिया है। रविवार, को “स्वस्थ युवा – स्वस्थ भागलपुर” अभियान के औपचारिक शुभारंभ के साथ ही समीक्षा भवन में एक महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।

​वरिय पुलिस अधीक्षक की अध्यक्षता में बनी रणनीति

​इस कार्यशाला की अध्यक्षता वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP), भागलपुर ने की। बैठक में नगर पुलिस अधीक्षक सहित जिले के अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। इस अभियान को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाने के लिए जिले के सभी थानों के अपर थाना अध्यक्षों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया और उन्हें अपने-अपने क्षेत्र के लिए ‘नोडल पदाधिकारी’ नामित किया गया है।

​नोडल अधिकारियों को मिले कड़े निर्देश

​कार्यशाला के दौरान एसएसपी ने सभी नोडल अधिकारियों को स्पष्ट रोडमैप थमा दिया है। अभियान के तहत मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदुओं पर कार्रवाई की जाएगी:

  • ​हॉटस्पॉट की पहचान: प्रत्येक थाना क्षेत्र में उन जगहों को चिन्हित किया जाएगा जहाँ ड्रग्स की खरीद-बिक्री या सेवन अधिक होता है। इन स्थानों पर पुलिस की पैनी नजर रहेगी।
  • ​इंटेलिजेंस नेटवर्क: ड्रग्स सप्लायरों के खिलाफ सटीक जानकारी जुटाने के लिए एक मजबूत सूचना तंत्र (Informer System) विकसित किया जाएगा।
  • ​संयुक्त छापेमारी: सीमावर्ती थाना क्षेत्रों के साथ तालमेल बिठाकर बड़े सप्लायरों के खिलाफ संयुक्त अभियान चलाया जाएगा।
  • ​अपराधियों का डेटाबेस: नशे के कारोबार में शामिल जेल में बंद, रिहा हुए या वांछित अपराधियों की सूची तैयार कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
  • ​वैज्ञानिक जांच: ड्रग्स की बरामदगी से लेकर सैंपलिंग और उसे FSL (विधि विज्ञान प्रयोगशाला) भेजने की प्रक्रिया की नियमित मॉनिटरिंग होगी।

​शिक्षण संस्थानों पर रहेगी विशेष नजर

​पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान सतत रूप से जारी रहेगा। विशेष रूप से स्कूल, कॉलेज और कोचिंग संस्थानों के आसपास निगरानी बढ़ा दी गई है, ताकि युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से सुरक्षित रखा जा सके।

​आम जनता से अपील: आपकी पहचान रहेगी गुप्त

​भागलपुर पुलिस ने नागरिकों से इस मुहिम में भागीदार बनने की अपील की है। पुलिस ने कहा है कि यदि किसी के पास भी ड्रग्स के अवैध व्यापार से संबंधित कोई जानकारी है, तो वे सीधे SSP, नगर SP, थाना अध्यक्ष या नोडल पदाधिकारी को सूचित करें।

​महत्वपूर्ण नोट: सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी और उनकी जानकारी के आधार पर दोषियों के खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

​भागलपुर नगर निगम का मास्टर प्लान: 51 वार्डों में सड़कों और नालों के लिए करोड़ों की मंजूरी, अवैध विज्ञापन पर लगेगा भारी जुर्माना

0

Bhagalpur News: भागलपुर शहर के विकास और जनसुविधाओं को नई ऊंचाई देने के उद्देश्य से शनिवार को नगर निगम सभागार में सामान्य समिति (बोर्ड) की  बैठक संपन्न हुई। महापौर डॉ. बसुन्धरा लाल की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में शहर की जल निकासी, सड़कों के पक्कीकरण और राजस्व वृद्धि से जुड़े करोड़ों रुपये के प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। इस बैठक में उप महापौर डॉ. मो. सलाहउद्दीन अहसन और नगर आयुक्त समेत सभी वार्ड पार्षदों की महत्वपूर्ण मौजूदगी रही।

​सड़क और नाला निर्माण: 51 वार्डों को जल-जमाव से मिलेगी मुक्ति

​पक्कीकरण पर जोर:

शहर के सभी 51 वार्डों में लंबे समय से चली आ रही जल-जमाव की समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए नगर निगम ने कमर कस ली है। बैठक में कच्चे नालों और जर्जर सड़कों के पक्कीकरण के लिए विभिन्न पैकेजों के माध्यम से करोड़ों रुपये की योजनाओं को स्वीकृति दी गई।

​वार्डवार विशेष पैकेज:

वार्ड संख्या 10, 50, 33, 34, 35, 29, 42 सहित अन्य कई वार्डों के लिए 3 करोड़ रुपये से अधिक की व्यक्तिगत पैकेज योजनाओं पर सहमति बनी। इससे मानसून से पहले शहर की ड्रेनेज व्यवस्था में बड़े सुधार की उम्मीद है।

​पेयजल संकट पर एक्शन: नए डीप बोरिंग और प्याऊ को मंजूरी

​भीषण गर्मी को देखते हुए पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करना बोर्ड की प्राथमिकता रही।

  • ​बोरिंग की मरम्मत: सभी वार्डों में खराब पड़े पुराने बोरिंग को तत्काल ठीक करने का निर्देश दिया गया।
  • ​नए डीप बोरिंग: जिन वार्डों में बोरिंग पूरी तरह फेल हो चुके हैं, वहां नए डीप बोरिंग लगाने के प्रस्ताव को मंजूरी मिली।
  • ​सार्वजनिक प्याऊ: वार्ड नं. 41 (हुसैनाबाद बड़ी मस्जिद) सहित विभिन्न क्षेत्रों में नए प्याऊ लगाए जाएंगे।

​विज्ञापन नियमावली 2026: अवैध पोस्टर पर लगेगा 20,000 तक का जुर्माना

​शहर के सौंदर्गीकरण को लेकर बोर्ड ने ‘भागलपुर नगर निगम क्षेत्र विज्ञापन विनियमावली, 2026’ के प्रारूप पर चर्चा की। अब शहर में अवैध रूप से बैनर-पोस्टर लगाकर गंदगी फैलाने वाली एजेंसियों की खैर नहीं। अनधिकृत विज्ञापनों पर 10,000 से 20,000 रुपये तक के भारी जुर्माने का प्रावधान किया गया है। साथ ही मुख्य चौक-चौराहों के रंग-रोगन और सौंदर्गीकरण की योजना को भी हरी झंडी दी गई।

​राजस्व वृद्धि और भविष्य की योजनाएं

​निगम की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लिए खाली पड़ी जमीनों के व्यावसायिक उपयोग पर विचार किया गया:

  • ​तातारपुर गोदाम, नाथनगर, दीपनगर और कम्पनीबाग की जमीनों पर पेट्रोल पंप, मार्केट कॉम्प्लेक्स और विवाह भवन बनाने का प्रस्ताव है।
  • ​ऑनलाइन टैक्स: होल्डिंग टैक्स का भुगतान अब स्मार्ट सिटी के नए सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑनलाइन होगा। कचरा प्रबंधन शुल्क भी अब होल्डिंग टैक्स के साथ ही वसूला जाएगा।

​महापौर का सख्त निर्देश: गुणवत्ता से समझौता नहीं

​बैठक के अंत में महापौर डॉ. बसुन्धरा लाल ने अधिकारियों को स्पष्ट शब्दों में निर्देशित किया कि जितनी भी योजनाओं को स्वीकृति मिली है, उनका क्रियान्वयन समय सीमा के भीतर और पूरी गुणवत्ता के साथ होना चाहिए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।