Bhagalpur News: विश्वप्रसिद्ध श्रावणी मेले के दौरान लाखों कांवड़ियों और श्रद्धालुओं की सुरक्षित, सहज और सुगम आवाजाही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से भागलपुर जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। इसी कड़ी में गुरुवार को भागलपुर के सदर अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) विकास कुमार और सिटी डीएसपी अजय चौधरी ने रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण विक्रमशिला पुल का संयुक्त निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान दोनों अधिकारियों ने पुल पर यातायात व्यवस्था, सुरक्षा इंतजामों और कांवड़ियों के आवागमन की वास्तविक स्थिति का बारीकी से जायजा लिया।
जाम से निपटने और मुस्तैदी के दिए सख्त निर्देश
पुल पर निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने मौके पर मौजूद संबंधित अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को निर्देश दिया कि श्रावणी मेले के दौरान किसी भी श्रद्धालु को किसी तरह की अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। विशेष रूप से यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि कांवड़ियों और श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित मार्ग पूरी तरह सुचारु रहे और भारी वाहनों का संचालन व्यवस्थित ढंग से किया जाए।
प्रशासन का मुख्य फोकस पुल पर संभावित जाम की स्थिति को रोकना है। इसके लिए ट्रैफिक डायवर्जन, वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करने, प्रमुख बिंदुओं पर बैरिकेडिंग और संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी व पुलिस बल के जरिए निगरानी बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।
अधिकारियों का बयान: सुरक्षा और सुविधा पहली प्राथमिकता
“प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है कि श्रावणी मेले के दौरान भागलपुर से होकर गुजरने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को सुरक्षित और सुगम यात्रा का अनुभव मिले। विक्रमशिला पुल पर यातायात व्यवस्था को दुरुस्त रखने के लिए अधिकारियों और पुलिस बल को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं।”
— विकास कुमार, सदर एसडीओ, भागलपुर
“यातायात व्यवस्था को पूरी तरह चुस्त-दुरुस्त रखने के लिए पुलिस टीम लगातार फ्लैग मार्च और निगरानी कर रही है। आवश्यकता पड़ने पर पुल और उसके पहुंच मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती भी की जाएगी ताकि वाहनों का परिचालन बाधित न हो।”
— अजय चौधरी, सिटी डीएसपी, भागलपुर
श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण कदम
विक्रमशिला पुल अंग क्षेत्र और सीमावर्ती राज्यों (पश्चिम बंगाल, झारखंड और असम) से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए मुख्य मार्ग है। ऐसे में श्रावणी मेले के मद्देनजर जिला प्रशासन की यह पहल श्रद्धालुओं की सुरक्षा, समय की बचत और सुगम आवागमन सुनिश्चित करने की दिशा में बेहद महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।


