Bhagalpur News: तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय (TMBU) के खेल सचिव डॉ. संजय कुमार जायसवाल की नि:शुल्क शिक्षा मुहिम ने एक बार फिर सफलता का परचम लहराया है। बिहार विश्वविद्यालय सेवा आयोग (BSUSC) द्वारा आयोजित असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती परीक्षा में उनके तीन होनहार छात्र-छात्राओं ने सफलता हासिल कर विश्वविद्यालय का मान बढ़ाया है।
चयनित अभ्यर्थियों में ज्योति कुमारी (रोल नंबर- 17200), अनिलेश कुमार (रोल नंबर- 16032) और विनीता कुमारी (रोल नंबर- 26241) शामिल हैं। ये सभी छात्र अब बिहार के विभिन्न विश्वविद्यालयों में बतौर असिस्टेंट प्रोफेसर अपनी सेवाएं देंगे।
सामाजिक दायित्व के तहत दी जा रही है मुफ़्त कोचिंग
डॉ. संजय कुमार जायसवाल अपने सामाजिक दायित्वों का निर्वहन करते हुए लंबे समय से विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं को यूजीसी नेट (UGC NET) और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की नि:शुल्क तैयारी करवा रहे हैं। उनकी इस निःशुल्क मार्गदर्शन कक्षा से मार्गदर्शन पाकर छात्र लगातार सफलता हासिल कर रहे हैं।
पहले भी 7 छात्र बन चुके हैं असिस्टेंट प्रोफेसर
यह पहली बार नहीं है जब डॉ. जायसवाल के मार्गदर्शन में छात्रों ने सफलता प्राप्त की हो। इससे पूर्व भी बिहार विश्वविद्यालय सेवा आयोग की भर्तियों में उनके 7 छात्र असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर चयनित हो चुके हैं और वर्तमान में राज्य के विभिन्न प्रतिष्ठित कॉलेजों में कार्यरत हैं।
विश्वविद्यालय परिवार में खुशी की लहर, दिग्गजों ने दी बधाई
इस शानदार उपलब्धि पर विश्वविद्यालय प्रशासन और शिक्षा जगत में हर्ष का माहौल है। चयनित अभ्यर्थियों और डॉ. संजय जायसवाल को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।
- डॉ. राहुल कुमार (कोऑर्डिनेटर, NSS)
- प्रो. संजय झा (प्राचार्य, मारवाड़ी महाविद्यालय)
- मारवाड़ी महाविद्यालय के सम्मानित शिक्षकगण
- सीनेट और सिंडिकेट के कई वरिष्ठ सदस्य
सभी गणमान्य लोगों ने चयनित छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की और डॉ. जायसवाल के इस नि:स्वार्थ प्रयास की सराहना की।
”कमजोर वर्ग के बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ना ही मेरा लक्ष्य” — डॉ. संजय जायसवाल
अपनी इस सफलता और छात्रों के चयन पर खुशी व्यक्त करते हुए डॉ. संजय कुमार जायसवाल ने कहा:
“मेरा मुख्य उद्देश्य समाज के आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित वर्ग के बच्चों को शिक्षा के माध्यम से समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है। उच्च शिक्षा और रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराकर उनके सपनों को साकार करना ही मेरी प्राथमिकता है। आगे भी यह नि:शुल्क तैयारी का सिलसिला इसी तरह निरंतर जारी रहेगा।”


