Bhagalpur News: नाथनगर थाना क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक शाहपुर कालिका मंदिर में हुई चांदी के आभूषणों की चोरी के चर्चित मामले का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। वारदात के 17 दिनों के भीतर नाथनगर पुलिस, डीआईयू (DIU) और एसटीएफ (STF) की संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गिरोह के छह शातिर अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपी ललमटिया और विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र के रहने वाले हैं।
तकनीकी अनुसंधान से मिला ऑटो का सुराग, फिर एक-एक कर दबोचे गए आरोपी
मामले की जानकारी देते हुए सिटी डीएसपी-2 (SDPO 2) राकेश कुमार ने प्रेसवार्ता में बताया कि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देश पर चोरी के खुलासे के लिए विशेष टीम का गठन किया गया था।
पुलिस ने सबसे पहले तकनीकी अनुसंधान और सीसीटीवी फुटेज के जरिए घटना में इस्तेमाल किए गए सीएनजी (CNG) ऑटो का पता लगाया। इसके बाद ऑटो चालक बादल कुमार को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की गई। बादल के इकबालिया बयान और निशानदेही के आधार पर पुलिस ने गिरोह के अन्य 5 सदस्यों—अंजनी कुमार, बिट्टू कुमार, राजू कुमार, सोनू कुमार और छबील कुमार को बारी-बारी से गिरफ्तार कर लिया।
ताला तोड़कर मंदिर में घुसा था अंजनी, झाड़ियों में छिपाया था माल
पुलिस जांच में सामने आया कि गिरोह का सदस्य अंजनी कुमार मंदिर का ताला तोड़कर अंदर दाखिल हुआ था। उसने ही मां कालिका की मूर्ति के मुकुट और अन्य आभूषणों की चोरी की थी, जबकि ऑटो चालक बादल कुमार बाहर निगरानी कर रहा था।
चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधियों ने पीतांबर चौक स्थित एक झाड़ी में प्लास्टिक के बोरे में मूर्ति और कुछ सामान छिपा दिया था। बाद में चोरी के आभूषणों को छबील कुमार नामक स्वर्णकार (सोनार) के पास बेच दिया गया था। पुलिस ने सोनार के पास से टूटे हुए दो मुकुट और एक झांप सहित लगभग 250 ग्राम चांदी के आभूषण और घटना में प्रयुक्त सीएनजी ऑटो बरामद कर लिया है।
“एसएसपी सर के दिशा-निर्देश पर गठित विशेष टीम ने तकनीकी और वैज्ञानिक अनुसंधान के जरिए इस पूरे कांड का सफल उद्भेदन किया है। 6 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है और चोरी गया माल तथा घटना में इस्तेमाल ऑटो बरामद कर लिया गया है।”
— राकेश कुमार, SDPO-2, भागलपुर
पुलिस टीम की सराहना
इस सफल उद्भेदन में नाथनगर इंस्पेक्टर अभय शंकर, कोतवाली इंस्पेक्टर राजीव रंजन सिंह, सब-इंस्पेक्टर नईम अहमद, विकास कुमार के साथ-साथ डीआईयू और एसटीएफ की टीम की विशेष और सराहनीय भूमिका रही। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से स्थानीय श्रद्धालुओं और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है।


