Bhagalpur News: भागलपुर जिले के सबौर प्रखंड अंतर्गत ममलखा पंचायत में मंगलवार का दिन आम जनता के लिए बेहद खास रहा। यहाँ आयोजित विशेष ‘सहयोग शिविर’ में बिहार सरकार के नगर विकास एवं आवास तथा सूचना प्रौद्योगिकी विभाग के माननीय प्रभारी मंत्री श्री नितीश मिश्रा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। शिविर का मुख्य उद्देश्य सरकार और जनता के बीच की दूरी को मिटाना, मौके पर ही लोगों की समस्याओं का समाधान करना और सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ आम लोगों तक पहुँचाना था।
अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे सरकारी योजनाओं का लाभ: मंत्री नितीश मिश्रा
शिविर को संबोधित करते हुए प्रभारी मंत्री नितीश मिश्रा ने कहा कि राज्य सरकार का संकल्प है कि विकास की किरणें सिर्फ शहरों तक सीमित न रहें, बल्कि गांव और पंचायत के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने मंच से ही अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि जनता को अपने छोटे-छोटे कामों के लिए दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, समस्याओं का त्वरित और ऑन-द-स्पॉट समाधान सुनिश्चित किया जाए। मंत्री ने खुद कई ग्रामीणों और फरियादियों से सीधा संवाद किया और उनकी मांगों के ज्ञापन लिए।
सांसद, विधायक और प्रशासनिक अमला रहा मौजूद
ममलखा पंचायत का यह शिविर राजनीतिक और प्रशासनिक दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण रहा। कार्यक्रम में भागलपुर के सांसद अजय मंडल, नाथनगर विधायक मिथुन यादव, जिलाधिकारी (DM) डॉ. नवल किशोर चौधरी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) हृदय कांत और उप विकास आयुक्त (DDC) प्रदीप कुमार सिंह सहित कई आला अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। सभी ने शिविर में लगे विभिन्न विभागों के स्टॉल का सघन निरीक्षण किया।
अलग-अलग काउंटरों पर उमड़ी भीड़, मौके पर हुआ निपटारा
ग्रामीणों की सहूलियत के लिए शिविर में विभिन्न सरकारी योजनाओं के अलग-अलग काउंटर बनाए गए थे। इनमें मुख्य रूप से:
- स्वास्थ्य एवं आयुष्मान भारत योजना
- प्रधानमंत्री आवास योजना एवं राशन कार्ड
- सामाजिक सुरक्षा पेंशन एवं शिक्षा विभाग
इन काउंटरों पर बड़ी संख्या में पहुंचे ग्रामीणों ने अपनी शिकायतें दर्ज कराईं। अधिकारियों ने सक्रियता दिखाते हुए कई मामलों का मौके पर ही निष्पादन कर दिया, जिससे लोगों के चेहरे खिल उठे।
फरियादियों की जुबानी: “शिविर में पहुंचे स्थानीय फरियादी अशोक मंडल और नीरज मल्होत्रा ने बताया कि गांव के चौपाल पर जब खुद मंत्री, सांसद और कलेक्टर साहब मौजूद हों, तो अपनी बात रखना आसान हो जाता है। ऐसी पहल हर पंचायत में होनी चाहिए।”
बाकी बची समस्याओं पर जल्द कार्रवाई का आश्वासन
शिविर के समापन पर जिला प्रशासन की ओर से आश्वस्त किया गया कि जिन शिकायतों का तकनीकी कारणों से तुरंत समाधान संभव नहीं हो सका है, उन्हें चिन्हित कर लिया गया है। उन सभी आवेदनों पर संबंधित विभाग के अधिकारी जल्द से जल्द प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करेंगे। स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने इस पहल को जनता और प्रशासन के बीच बेहतर तालमेल की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताया।


