Home Blog Page 242

“नाथनगर में बाढ़ का कहर: स्कूल की छत बना छात्रों का आशियाना”

0

भागलपुर: भागलपुर जिले के नाथनगर प्रखंड में बाढ़ का कहर लगातार बढ़ता जा रहा है। गंगा और कोसी नदी के उफान ने दर्जनों गांवों को पूरी तरह जलमग्न कर दिया है। हालात ऐसे हैं कि कई जगहों पर पानी का स्तर छाती से ऊपर पहुंच चुका है, जिससे ग्रामीण ऊंचे और सुरक्षित स्थानों की तलाश में पलायन कर रहे हैं।

सबसे मार्मिक दृश्य नाथनगर के श्रीरामपुर मध्य विद्यालय में देखने को मिला। यह वही विद्यालय है, जहां कभी बच्चों की पढ़ाई और खेलकूद की गूंज रहती थी, लेकिन पिछले 10 दिनों से यह विद्यालय बाढ़ के पानी में डूबा हुआ है। अब यही भवन बाढ़ पीड़ित ग्रामीणों और छात्रों का शरण स्थल बन गया है। कई छात्र और उनके परिवार विद्यालय की छत पर खुले आसमान के नीचे दिन-रात गुजारने को मजबूर हैं।

ग्रामीणों का कहना है कि बाढ़ का पानी उनके घरों में इतना भर गया है कि वहां रहना असंभव हो गया है। कई घर पूरी तरह से जलमग्न हो चुके हैं और खाने-पीने की वस्तुओं की भारी कमी हो रही है। बच्चे और बुजुर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। गर्म धूप और मूसलाधार बारिश के बीच छत पर रहने की मजबूरी ने उनकी मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।

स्थानीय लोगों ने बताया कि अब तक प्रशासन की ओर से सीमित राहत सामग्री ही पहुंच पाई है। नावों के जरिए कुछ इलाकों में खाना और पानी पहुंचाया जा रहा है, लेकिन यह जरूरत के मुकाबले नाकाफी है। ग्रामीण प्रशासन से शीघ्र राहत और बचाव कार्य तेज करने की मांग कर रहे हैं, ताकि उन्हें सुरक्षित स्थान और आवश्यक सुविधाएं मिल सकें।

बाढ़ पीड़ितों ने मेडिकल टीम और सामुदायिक किचन की भी मांग की है, क्योंकि गंदे पानी और भीगने से बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। बच्चों में बुखार, डायरिया और त्वचा रोग जैसी समस्याएं देखने को मिल रही हैं।

प्रशासन ने दावा किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में लगातार राहत कार्य जारी हैं, लेकिन कटाव और तेज बहाव के कारण कई जगह पहुंचना कठिन हो रहा है। अधिकारी आश्वासन दे रहे हैं कि अगले कुछ दिनों में राहत सामग्री की आपूर्ति और नावों की संख्या बढ़ाई जाएगी।

फिलहाल, श्रीरामपुर मध्य विद्यालय की छत पर बैठे छात्र और ग्रामीण इस उम्मीद में हैं कि जल्द ही पानी घटेगा और वे फिर से अपने घर लौट पाएंगे। लेकिन बाढ़ की विभीषिका ने यह साफ कर दिया है कि उनकी जिंदगी को पटरी पर लौटाने में अभी लंबा समय लगेगा।

रसीदपुर बैरिया में बाढ़ पीड़ितों के बीच पहुंचे विजय यादव, राहत सामग्री वितरित कर बढ़ाया हौसला

0

भागलपुर: भागलपुर जिले के कई प्रखंड इस समय बाढ़ की गंभीर चपेट में हैं। नाथनगर प्रखंड का रसीदपुर बैरिया गांव भी इन दिनों जलमग्न है, जहां बाढ़ का पानी लोगों के घरों और खेतों में घुस चुका है। इससे ग्रामीणों का जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। ऐसे कठिन समय में लोजपा (रामविलास) के प्रदेश सचिव सह बांका विधानसभा प्रभारी विजय यादव गुरुवार को गांव पहुंचे और बाढ़ पीड़ित परिवारों के बीच राहत सामग्री का वितरण किया।

विजय यादव के साथ उनकी टीम ने गांव के प्रभावित इलाकों में जाकर लोगों को खाद्य सामग्री, पीने का साफ पानी, सूखा अनाज, पॉलिथीन शीट और अन्य जरूरी सामान उपलब्ध कराया। उन्होंने कहा कि बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए वे हर संभव प्रयास करेंगे और जरूरत पड़ने पर जिला प्रशासन से भी मिलकर अतिरिक्त राहत मुहैया कराएंगे।

स्थानीय लोगों ने विजय यादव के इस प्रयास की सराहना की। ग्रामीणों का कहना था कि इस आपदा की घड़ी में जब कई लोग अपने घरों से बाहर नहीं निकल रहे, ऐसे समय में उनका गांव आना और पीड़ितों की मदद करना, हौसला बढ़ाने वाला कदम है। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि बाढ़ के कारण कई घरों में चूल्हा नहीं जल पा रहा है, स्कूल बंद हैं और रोजमर्रा का जीवन पूरी तरह से ठप हो गया है।

विजय यादव ने मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों से भी बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य तेज करने की अपील की। उन्होंने कहा कि केवल राहत सामग्री देना ही काफी नहीं है, बल्कि बाढ़ पीड़ित परिवारों के पुनर्वास और स्वास्थ्य सेवाओं पर भी ध्यान देना जरूरी है। उन्होंने विशेष रूप से बच्चों और बुजुर्गों के लिए मेडिकल कैम्प लगाने की जरूरत पर जोर दिया।

गौरतलब है कि भागलपुर जिले के नाथनगर, इस्माइलपुर, रंगरा चौक और गोपालपुर प्रखंडों में बाढ़ से हजारों परिवार प्रभावित हैं। प्रशासन की ओर से सामुदायिक किचन, नावों से राहत सामग्री वितरण और मेडिकल टीमें भेजी जा रही हैं, लेकिन कई जगह पानी के तेज बहाव और कटाव के कारण राहत पहुंचाने में दिक्कतें आ रही हैं।

विजय यादव ने कहा कि वे लगातार प्रभावित इलाकों का दौरा करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि कोई भी परिवार भूखा या बिना मदद के न रहे। उनके इस कदम से रसीदपुर बैरिया के बाढ़ पीड़ितों में एक उम्मीद की किरण जगी है।

8.53 करोड़ के लोन विवाद में भागलपुर के कारोबारी पर DRT का समन, पोजीशन नोटिस पर बवाल

0

भागलपुर: भागलपुर में एक बड़े वित्तीय विवाद ने कारोबारी जगत और बैंकिंग सेक्टर का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। डेब्ट्स रिकवरी ट्रिब्यूनल (DRT) पटना ने अनुभव ट्रेडिंग, भागलपुर और इसके संबंधित पक्षों को समन जारी किया है। मामला बैंक ऑफ बड़ौदा द्वारा दायर किया गया है, जिसमें करीब 8 करोड़ 53 लाख रुपये की वसूली की मांग की गई है।

बैंक ऑफ बड़ौदा का आरोप है कि अनुभव ट्रेडिंग के प्रोपराइटर दिलीप जायसवाल ने बैंक से लोन लिया था, जिसे निर्धारित समय सीमा में पूरा चुकता नहीं किया गया। बैंक का कहना है कि बकाया राशि की वसूली के लिए नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है और इसी क्रम में दिलीप जायसवाल के आवास पर पोजीशन नोटिस लगाने की प्रक्रिया शुरू की गई।

हालांकि, इस कार्रवाई ने विवाद का रूप ले लिया। दिलीप जायसवाल का कहना है कि यह मामला पहले से कोर्ट में विचाराधीन है, इसलिए पोजीशन नोटिस लगाना उचित नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि वे हर महीने लोन का ब्याज बैंक में जमा कर रहे हैं और बैंक की यह कार्रवाई उन्हें अनावश्यक रूप से परेशान करने जैसी है।

घटना की सूचना मिलने पर बरारी थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों के बीच स्थिति को शांत किया। पुलिस ने दोनों को थाने में आकर अपना-अपना पक्ष रखने की सलाह दी।

स्थानीय व्यापारियों और वित्तीय जानकारों के अनुसार, इस तरह के मामलों में बैंक और उधारकर्ता के बीच समझौते का रास्ता निकालना जरूरी है, ताकि अनावश्यक विवाद और कानूनी लड़ाई से बचा जा सके। फिलहाल, ट्रिब्यूनल की अगली सुनवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं, जो इस विवाद का अगला अध्याय तय करेगी।

इस घटना ने बैंकिंग प्रक्रियाओं, वसूली के तरीकों और कारोबारी जगत में विश्वास के मुद्दे को फिर से सुर्खियों में ला दिया है। शहर के व्यापारिक समुदाय में चर्चा है कि अगर ऐसे विवाद पारदर्शिता और संवाद के जरिए न सुलझाए गए तो यह कारोबार के माहौल को प्रभावित कर सकते हैं।

भागलपुर रेलवे स्टेशन पार्सल कार्यालय में अवैध वसूली और धमकी का मामला, डॉक्टर ने जीआरपी थाने में दर्ज कराई शिकायत

0

भागलपुर: भागलपुर रेलवे स्टेशन के पार्सल कार्यालय में अवैध वसूली और धमकी का एक गंभीर मामला सामने आया है। इस घटना ने न केवल यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि रेलवे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी उंगली उठाई है।

खगड़िया जिले के परबत्ता थाना क्षेत्र के सलारपुर गांव निवासी डॉ. संजीव कुमार ने जीआरपी थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में उन्होंने बताया कि वे अपनी स्कूटी को बुक कराने के लिए भागलपुर रेलवे स्टेशन के पार्सल कार्यालय पहुंचे थे। उनके अनुसार, वहां मौजूद एक कर्मचारी ने पैकिंग के नाम पर उनसे ₹350 की मांग की।

डॉ. संजीव कुमार का कहना है कि जब उन्होंने इस अतिरिक्त शुल्क को देने से इंकार किया और इसका कारण पूछा, तो कर्मचारी भड़क गया। आरोप है कि कर्मचारी ने उनके साथ न केवल गाली-गलौज की, बल्कि आंख फोड़ देने जैसी गंभीर धमकी भी दे डाली। इस तरह की धमकी ने डॉक्टर को हिला कर रख दिया और उन्होंने तत्काल इस मामले की शिकायत भागलपुर जीआरपी थाने में दर्ज कराई।

घटना की सूचना मिलते ही जीआरपी पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शिकायत दर्ज कर ली गई है और मामले में शामिल कर्मचारी की पहचान और भूमिका की जांच की जा रही है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इस घटना से यात्रियों में नाराजगी है। कई लोगों का कहना है कि पार्सल कार्यालय में आए दिन अतिरिक्त शुल्क वसूले जाने और कर्मचारियों के बदसलूकी करने की शिकायतें मिलती रहती हैं, लेकिन रेलवे प्रशासन इस पर कोई ठोस कदम नहीं उठाता। स्थानीय यात्री संगठनों ने भी इस घटना की निंदा करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

रेलवे प्रशासन की ओर से अब तक इस मामले पर आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन यात्रियों का मानना है कि पार्सल सेवा में पारदर्शिता और कर्मचारियों की जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए त्वरित सुधारात्मक कदम उठाना जरूरी है।

भागलपुर में जदयू सांसद और विधायक आमने-सामने, गंभीर आरोपों से बढ़ा सियासी तनाव

0

Bhagalpur News: भागलपुर में जदयू के दो बड़े नेताओं के बीच चल रही तनातनी अब खुले विवाद में बदल चुकी है। गोपालपुर के विधायक गोपाल मंडल और भागलपुर के सांसद अजय मंडल के बीच सियासी जंग इस कदर तेज हो गई है कि दोनों एक-दूसरे पर गंभीर और व्यक्तिगत हमले करने से भी पीछे नहीं हट रहे हैं।

विवाद की शुरुआत कुछ दिन पहले हुई, जब विधायक गोपाल मंडल ने सांसद अजय मंडल और जदयू की प्रदेश महासचिव के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। इस पर सांसद अजय मंडल ने विधायक के खिलाफ घोंघा थाना में मामला दर्ज कराया। मामला दर्ज होने के बाद भी विवाद थमने के बजाय और भड़क गया।

गुरुवार को गोपाल मंडल ने प्रेस वार्ता कर सांसद अजय मंडल पर और भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि अजय मंडल एचआईवी पॉजिटिव हैं और ऐसे में उन्हें संसद जाने से रोका जाना चाहिए। यही नहीं, विधायक ने आरोप लगाया कि सांसद का पुराने आपराधिक मामलों से संबंध रहा है और उन्होंने कई हत्याओं को अंजाम दिया है।

इन आरोपों ने न केवल जिले की सियासत को गरमा दिया है, बल्कि जदयू के भीतर भी खलबली मचा दी है। पार्टी में गुटबाज़ी के संकेत पहले से मिल रहे थे, लेकिन अब यह लड़ाई खुले मंच पर आ गई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह के आरोप-प्रत्यारोप से पार्टी की छवि को गंभीर नुकसान हो सकता है, खासकर ऐसे समय में जब बिहार में चुनावी माहौल बनने लगा है।

सांसद अजय मंडल ने इस पूरे मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि विधायक के आरोप बेबुनियाद, आधारहीन और सियासी साजिश के तहत लगाए गए हैं। उन्होंने कहा कि वे इस मामले में कानूनी कार्रवाई करेंगे और न्यायालय के माध्यम से अपनी छवि को साफ करेंगे। वहीं, गोपाल मंडल अपने बयानों पर अड़े हुए हैं और कहते हैं कि उनके पास अपने दावों के सबूत हैं, जिन्हें वे उचित समय पर सार्वजनिक करेंगे।

स्थानीय राजनीतिक गलियारों में यह मुद्दा चर्चा का केंद्र बन गया है। सोशल मीडिया पर भी इस विवाद को लेकर लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कई लोग इसे पार्टी के अंदरूनी सत्ता संघर्ष का नतीजा मान रहे हैं, तो कुछ इसे व्यक्तिगत रंजिश का परिणाम बता रहे हैं।

अब देखना यह है कि जदयू नेतृत्व इस विवाद को शांत करने के लिए क्या कदम उठाता है और क्या पार्टी अनुशासन के तहत दोनों नेताओं पर कोई कार्रवाई होती है या नहीं। फिलहाल, भागलपुर की सियासत में यह टकराव आने वाले दिनों में और भी तूल पकड़ सकता है।

झारखंड के जामताड़ा से साइबर ठगी का मास्टरमाइंड गिरफ्तार, भागलपुर पुलिस ने 24 घंटे में किया पर्दाफाश

0

भागलपुर: भागलपुर पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए साइबर ठगी के मास्टरमाइंड को 24 घंटे के भीतर झारखंड के जामताड़ा से गिरफ्तार किया है। आरोपी पर बाजाज फाइनेंस के नाम का दुरुपयोग कर सुल्तानगंज के एक ग्राहक सेवा केंद्र संचालक को ठगने का आरोप है।

जानकारी के अनुसार, सुल्तानगंज थाना क्षेत्र के ग्राम फुलबड़िया निवासी सत्यजीत शुक्ला एक ग्राहक सेवा केंद्र का संचालन करते हैं। उनके पड़ोस में रहने वाले एक व्यक्ति ने बाजाज फाइनेंस का EMI जमा करने के लिए QR कोड उन्हें दिया। अगले दिन एक साइबर ठग ने खुद को बाजाज फाइनेंस से जुड़ा बताते हुए संचालक का विश्वास जीत लिया और उसी QR कोड के माध्यम से कई बार पैसों का लेन-देन किया। इस तरह ठग ने ग्राहक सेवा केंद्र संचालक के खाते को म्यूल अकाउंट बनाकर दुरुपयोग किया।

कुछ दिनों बाद संचालक का अकाउंट होल्ड हो गया, जिसके बाद जांच में यह स्पष्ट हो गया कि यह मामला साइबर फ्रॉड का है। पीड़ित संचालक ने साइबर थाना में शिकायत दर्ज कराई, जिस पर केस नंबर 65/25 दर्ज हुआ।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, भागलपुर के निर्देश पर पुलिस उपाधीक्षक सह साइबर थाना प्रभारी श्री कनिष्क श्रीवास्तव की निगरानी में एक विशेष टीम बनाई गई। तकनीकी अनुसंधान और त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम ने घटना दर्ज होने के 24 घंटे के अंदर मास्टरमाइंड आरोपी गणेश मंडल को उसके मोबाइल के साथ झारखंड के जामताड़ा से गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपी:

  • गणेश कुमार मंडल, पिता — चित्रू मंडल, साकिन — धूमरिया, थाना — करमाटांड, जिला — जामताड़ा (झारखंड)

इस कार्रवाई में साइबर थाना के अधिकारी — सिपाही सिकंदर कुमार, परिरक्षक रामकृष्ण कुमार, सिपाही कमलेश कुमार, सिपाही अशोक कुमार और चालक सिपाही रवि कुमार — ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

भागलपुर पुलिस ने एक बार फिर साबित किया है कि साइबर अपराधियों के खिलाफ उनकी कार्रवाई तेज और प्रभावी है। प्रशासन ने नागरिकों से सतर्क रहने और संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधियों की तुरंत सूचना देने की अपील की है।

सांसद अजय मंडल ने विधायक गोपाल मंडल पर लगाया मानहानि का आरोप, घोंघा थाने में दर्ज कराई शिकायत

0

भागलपुर: भागलपुर के वर्तमान सांसद अजय कुमार मंडल ने अपने खिलाफ लगाए गए कथित झूठे और गंभीर आरोपों को लेकर घोंघा थाना अध्यक्ष को लिखित शिकायत दी है। सांसद अजय मंडल ने आरोप लगाया है कि गोपालपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक नरेंद्र कुमार नीरज उर्फ गोपाल मंडल ने 10 और 12 अगस्त 2025 को मीडिया के सामने उनके खिलाफ अपमानजनक और निराधार बयान दिए, जिससे उनकी प्रतिष्ठा को गहरा आघात पहुंचा है।

सांसद अजय मंडल के अनुसार, विधायक गोपाल मंडल ने उन पर एक महिला से जुड़े मामले में गंभीर और झूठे आरोप लगाए, जिससे उनकी राजनीतिक और सामाजिक छवि धूमिल हुई है। उन्होंने कहा कि आरोप इस तरह पेश किए गए जैसे वे किसी अनुचित कार्य में लिप्त हों। इससे न केवल उनके समर्थकों और आम जनता में गलत संदेश गया, बल्कि परिवार और रिश्तेदारों के बीच भी नकारात्मक असर पड़ा।

शिकायत में सांसद ने लिखा है कि इन बयानों के कारण उन्हें मानसिक, सामाजिक और पारिवारिक रूप से भारी क्षति हुई है। उनका कहना है कि गोपाल मंडल द्वारा इस तरह के आरोप पहले भी लगाए जाते रहे हैं, जिससे उनकी प्रतिष्ठा बार-बार आहत होती है। इस बार भी मीडिया में दिए गए बयानों का उद्देश्य उन्हें बदनाम करना और राजनीतिक रूप से नुकसान पहुंचाना है।

अजय मंडल ने पुलिस से मांग की है कि इस मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ मानहानि और चरित्रहनन के तहत कार्रवाई की जाए। साथ ही, उन्होंने अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की भी अपील की है।

उन्होंने इस मामले में वीडियो फुटेज और समाचार पत्रों की कटिंग को सबूत के रूप में प्रस्तुत किया है। शिकायत दर्ज होने के बाद स्थानीय राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई है, क्योंकि यह विवाद दो प्रभावशाली नेताओं के बीच का है। आने वाले दिनों में इस मामले पर पुलिस की कार्रवाई और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं महत्वपूर्ण रहेंगी।

विषहरी (मनसा) पूजा पर 19 अगस्त को भागलपुर में स्थानीय अवकाश घोषित

0

भागलपुर: भागलपुर जिले में विषहरी (मनसा) पूजा के अवसर पर 19 अगस्त 2025, मंगलवार को स्थानीय सार्वजनिक अवकाश घोषित किया गया है। यह घोषणा प्रमंडलीय आयुक्त, भागलपुर श्री हिमांशु कुमार राय ने अपने विवेकाधिकार का प्रयोग करते हुए की है।

प्रमंडलीय जन सम्पर्क इकाई से मिली जानकारी के अनुसार, यह निर्णय बिहार बोर्ड प्रकीर्णन नियमावली 1958 के नियम 244 में निहित प्रावधानों तथा राजस्व पर्षद, बिहार की सहमति के आलोक में लिया गया है। इस आदेश के तहत अवकाश केवल भागलपुर जिले के अंतर्गत प्रभावी रहेगा और इसे स्थानीय सार्वजनिक अवकाश की श्रेणी में रखा गया है।

विषहरी या मनसा पूजा, नाग देवी मनसा की आराधना का पर्व है, जो खासकर पूर्वी भारत के कई हिस्सों में श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाता है। भागलपुर में यह पूजा विशेष सांस्कृतिक और धार्मिक महत्व रखती है। इस दिन श्रद्धालु नाग देवी की पूजा कर परिवार के सुख-समृद्धि और सुरक्षा की कामना करते हैं।

स्थानीय अवकाश की घोषणा से जिले में सरकारी कार्यालय, अर्द्ध-सरकारी संस्थान और अधिकांश शैक्षणिक संस्थान बंद रहेंगे, जबकि आवश्यक सेवाएं पूर्ववत जारी रहेंगी। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस दिन पूजा-पाठ और सामाजिक आयोजनों में शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल बनाए रखें।

इस निर्णय से भक्तों और स्थानीय निवासियों में उत्साह का माहौल है, क्योंकि यह उन्हें अपने पारंपरिक धार्मिक पर्व को पूरे उल्लास के साथ मनाने का अवसर प्रदान करेगा।

जिलाधिकारी ने किया आपदा प्रबंधन कार्यालय का निरीक्षण

0

भागलपुर: जिलाधिकारी डॉक्टर नवल किशोर चौधरी ने आज आपदा प्रबंधन कार्यालय का निरीक्षण किया। इस अवसर पर उनके साथ उप विकास आयुक्त श्री प्रदीप कुमार सिंह और अनुमंडल पदाधिकारी (सदर) श्री विकास कुमार भी मौजूद रहे। निरीक्षण के दौरान अपर समाहर्ता, आपदा प्रबंधन भी उपस्थित थे।

जिलाधिकारी ने कार्यालय में चल रहे कार्यों की विस्तार से जानकारी ली और वहां कार्यरत कर्मियों से कार्य प्रणाली के बारे में पूछताछ की। उन्होंने आपदा प्रबंधन से जुड़ी गतिविधियों, रिकॉर्ड संधारण, आपातकालीन स्थिति में प्रतिक्रिया व्यवस्था तथा राहत एवं बचाव कार्यों की तैयारी का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि आपदा प्रबंधन विभाग की भूमिका किसी भी संकट के समय अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने कर्मियों से कहा कि वे अपने कार्य में तत्परता और पारदर्शिता बनाए रखें ताकि आपात स्थिति में प्रभावित लोगों को तुरंत सहायता मिल सके।

इस मौके पर उप विकास आयुक्त और अनुमंडल पदाधिकारी ने भी विभाग की कार्यशैली की समीक्षा की और सुधार के लिए सुझाव दिए। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों और कर्मियों को निर्देश दिया कि वे मानसून और बाढ़ के इस मौसम में विशेष सतर्कता बरतें और राहत कार्यों के लिए तैयार रहें।

निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ने आपदा प्रबंधन टीम के कार्य की सराहना की और कहा कि प्रशासन हर परिस्थिति में जनता की सेवा के लिए तत्पर है।

स्वतंत्रता दिवस परेड का हुआ भव्य पूर्वाभ्यास, सैनडीस कंपाउंड में गूंजा राष्ट्रगान

0

भागलपुर: 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाले परेड प्रदर्शन का आज सैनडीस कंपाउंड में फूल ड्रेस रिहर्सल किया गया। इस अवसर पर पूरे परिसर में अनुशासन, देशभक्ति और उत्साह का अद्भुत माहौल देखने को मिला।

रिहर्सल की शुरुआत वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) श्री हृदयकांत के आगमन से हुई। उनके स्वागत के लिए एनसीसी की छात्राएं उन्हें एस्कॉर्ट करते हुए मंच तक लेकर आईं। मंच पर पहुंचने के बाद एसएसपी ने परेड में शामिल जवानों की सलामी ली। इसके बाद जिलाधिकारी (डीएम) डॉक्टर नवल किशोर चौधरी का आगमन हुआ। उन्हें भी एनसीसी की छात्राओं ने एस्कॉर्ट करते हुए मंच तक पहुंचाया, जहां उन्होंने परेड की सलामी लेने के साथ-साथ वरीय पुलिस अधीक्षक के साथ परेड का निरीक्षण किया।

निरीक्षण के बाद ध्वजारोहण किया गया और पूरे परिसर में राष्ट्रगान की गूंज सुनाई दी। यह क्षण परेड में मौजूद सभी प्रतिभागियों और दर्शकों के लिए गौरवपूर्ण और प्रेरणादायी रहा।

परेड में कई बटालियन ने अपनी शानदार उपस्थिति दर्ज कराई। इनमें बिहार विशेष सशस्त्र बल-05 (गंगा कंपनी), जिला बल भागलपुर, जिला सशस्त्र बल, जिला महिला सशस्त्र बल, पुलिस केंद्र के जवान, एनसीसी की छात्राएं, और स्काउट एवं गाइड के दल शामिल थे।

  • बिहार विशेष सशस्त्र बल-05, गंगा कंपनी का नेतृत्व परिचारी अकबर राय (द्वितीय परेड कमांडर) ने प्लाटून नंबर-01 के साथ किया।
  • जिला बल भागलपुर का नेतृत्व परिचारी अंजली कुमार-01 (प्रथम परेड कमांडर) ने प्लाटून नंबर-02 के साथ किया।
  • जिला सशस्त्र बल, भागलपुर का नेतृत्व प्रा०अ०नि० (प्रशि०) बिरेन्द्र राय ने प्लाटून नंबर-03 के साथ किया।
  • जिला महिला सशस्त्र बल का नेतृत्व परिचारी अंजली कुमारी-02 (प्लाटून नंबर-04) और परिचारी मिनु सानिया (प्लाटून नंबर-05) ने किया।
  • पुलिस केंद्र की महिला सशस्त्र बल का नेतृत्व प्रा०अ०नि० (प्रशि०) श्री निवास शर्मा ने प्लाटून नंबर-02 के साथ किया।

रिहर्सल के दौरान सभी जवानों ने अनुशासन, तालमेल और देशभक्ति का अद्वितीय प्रदर्शन किया। एनसीसी की छात्राओं और स्काउट-गाइड के सदस्यों की भागीदारी ने कार्यक्रम को और भी आकर्षक बना दिया।

स्वतंत्रता दिवस के इस पूर्वाभ्यास ने स्पष्ट कर दिया कि 15 अगस्त को होने वाला मुख्य आयोजन पूरी तरह से तैयार है। आज का दिन न केवल एक रिहर्सल था, बल्कि देश के प्रति समर्पण और सम्मान का प्रतीक भी बन गया।