भागलपुर: बिहार के कटिहार स्थित सिख माइनॉरिटी मेडिकल कॉलेज को लेकर एक नया राजनीतिक विवाद गहराता जा रहा है। जनसुराज पार्टी ने भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल पर इस मेडिकल कॉलेज पर वर्षों से अवैध कब्जा जमाए रखने का आरोप लगाया है।
पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर के निर्देश पर भागलपुर में एक प्रेस वार्ता आयोजित की गई, जिसमें पार्टी प्रवक्ता बाबुल विवेक ने इस पूरे मामले का खुलासा किया। उन्होंने कहा कि यह कॉलेज अल्पसंख्यक समुदाय के लिए स्थापित किया गया था, लेकिन इसे एक राजनीतिक साजिश के तहत दबोच लिया गया और शिक्षा की जगह इसे निजी हितों की पूर्ति का केंद्र बना दिया गया है।
बाबुल विवेक ने आरोप लगाया कि यह कब्जा उस समय शुरू हुआ जब बिहार में राबड़ी देवी मुख्यमंत्री थीं और यह आज तक जारी है। उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भी निशाना साधते हुए पूछा कि जब वह “सुशासन” की बात करते हैं तो फिर एक मेडिकल संस्थान पर इतने वर्षों से चल रहे कब्जे को कैसे नज़रअंदाज़ किया जा रहा है?
प्रवक्ता ने इस बात का भी खुलासा किया कि इस मामले की जांच के लिए कटिहार के तत्कालीन एसपी को जिम्मेदारी दी गई थी, लेकिन बाद में उसी एसपी की पत्नी को कॉलेज से मेडिकल डिग्री दे दी गई, जिससे पूरे मामले की निष्पक्ष जांच पर सवाल खड़े हो गए।
जनसुराज पार्टी ने मांग की है कि इस गंभीर मामले की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि कॉलेज को मूल उद्देश्य के अनुरूप संचालित किया जाए, ताकि अल्पसंख्यक समुदाय और आम छात्रों को न्याय मिल सके।

