Patna News: बिहार में कानून-व्यवस्था को और अधिक दुरुस्त और हाईटेक बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने आज एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री सचिवालय स्थित ‘संवाद’ परिसर से मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार पुलिस के उपयोग हेतु 48 अत्याधुनिक पुलिस बसें, 30 चार पहिया वाहन और 6 एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस पहल से राज्य में पुलिस की कार्यक्षमता में अभूतपूर्व सुधार होने की उम्मीद है। नए वाहनों के पुलिस बेड़े में शामिल होने से गश्ती व्यवस्था और अधिक प्रभावी होगी तथा आपातकालीन परिस्थितियों में पुलिस का रिस्पांस टाइम बेहद कम हो जाएगा।
पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता और गश्ती होगी और मजबूत: मुख्यमंत्री
लोकार्पण से पूर्व मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने नए पुलिस वाहनों की कार्यप्रणाली और उनकी तकनीकी विशिष्टताओं के संबंध में वरीय अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा:
“राज्य सरकार कानून-व्यवस्था को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता मानती है। हम पुलिस बल को अत्याधुनिक सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। इन नए वाहनों के बेड़े में शामिल होने से पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता बढ़ेगी। अब हमारी पुलिस किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत मौके पर पहुंच सकेगी, जिससे आम जनता को बेहतर सुरक्षा और पुलिस सेवाएं मिलेंगी।”
मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि बिहार पुलिस को आधुनिक संसाधनों से सुसज्जित करने का काम निरंतर जारी रहेगा ताकि अपराधियों के मन में खौफ और आम जनता में सुरक्षा का भाव पैदा हो सके।
गरिमामयी उपस्थिति: कार्यक्रम में शामिल हुए ये दिग्गज
समारोह की शुरुआत में पुलिस महानिदेशक (DGP) विनय कुमार ने मुख्यमंत्री को हरित पौधा भेंटकर उनका स्वागत किया। इस मौके पर बिहार सरकार के कई वरिष्ठ मंत्री और आला अधिकारी मौजूद रहे:
- बिजेन्द्र प्रसाद यादव ( उप मुख्यमंत्री)
- दीपक कुमार (मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव)
- प्रत्यय अमृत (मुख्य सचिव)
- मिहिर कुमार सिंह (विकास आयुक्त)
- विनय कुमार (पुलिस महानिदेशक)
- लोकेश कुमार सिंह (मुख्यमंत्री के सचिव)
- कुंदन कुमार (गृह विभाग के सचिव)
- जे०एस० गंगवार (पुलिस महानिदेशक, निगरानी)
- कुंदन कृष्णन (पुलिस महानिदेशक, अभियान)
इस पहल का बिहार की जनता पर क्या होगा असर?
- अपराध नियंत्रण में तेजी: आधुनिक चार पहिया वाहनों से पुलिस गश्त तेज होगी, जिससे सड़क अपराधों और त्वरित घटनाओं पर लगाम लगेगी।
- बल भेजने में आसानी: 48 नई पुलिस बसों के आने से कानून-व्यवस्था बिगड़ने या त्योहारों/विशेष अवसरों पर पुलिस बल को एक स्थान से दूसरे स्थान पर तेजी से भेजा जा सकेगा।
- तुरंत चिकित्सा सहायता: पुलिस बेड़े में शामिल 6 नई एंबुलेंस आपातकालीन दुर्घटनाओं या पुलिस कर्मियों के घायल होने की स्थिति में जीवन रक्षक साबित होंगी।


