Bhagalpur News: रक्षाबंधन के एक दिन पूर्व मध्य विद्यालय मिर्जापुर, सबौर की छात्राओं ने सड़क सुरक्षा को लेकर अनोखा और भावनात्मक जागरूकता अभियान चलाया। भागलपुर ट्रैफिक पुलिस के सहयोग से बिहार एग्रीकल्चर के मुख्य द्वार पर आयोजित इस अभियान में छात्राओं ने वाहन चालकों को राखी बांधकर उन्हें यातायात नियमों का पालन करने और सुरक्षित सफर का संकल्प दिलाया।
राखी बांधकर लिया सुरक्षा का वचन
अभियान के दौरान छात्राओं ने बिना हेलमेट बाइक चला रहे दोपहिया वाहन चालकों और बिना सीट बेल्ट कार चला रहे चारपहिया वाहन चालकों को रोककर उनके हाथों में राखी बांधी। राखी बांधने के बाद छात्राओं ने उनसे अपील की कि वे आगे से वाहन चलाते समय हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से इस्तेमाल करेंगे।
राखी बंधवाने वाले वाहन चालकों ने भी छात्राओं की पहल की सराहना करते हुए भविष्य में सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने का भरोसा दिलाया। छात्राओं ने कहा कि रक्षाबंधन सिर्फ भाई-बहन के प्रेम का पर्व नहीं, बल्कि अपने प्रियजनों की सुरक्षा का संकल्प लेने का भी अवसर है।
हाथों में तख्तियां, सड़क सुरक्षा का संदेश
जागरूकता अभियान के दौरान छात्राओं के हाथों में सड़क सुरक्षा से जुड़े संदेश लिखी तख्तियां भी नजर आईं। इन संदेशों के माध्यम से वाहन चालकों को हेलमेट और सीट बेल्ट के महत्व के प्रति जागरूक किया गया।
तख्तियों पर लिखा था— “भाई की कलाई पर राखी का प्यार, सीट बेल्ट लगाना जरूरी हर बार”, “बहन की राखी, भैया की सुरक्षा, ट्रैफिक नियमों से ही पूरी हो रक्षा” और “राखी बांधी है प्यार से, हेलमेट जरूर पहनना अगली बार से”।
इन संदेशों ने अभियान को भावनात्मक जुड़ाव देने के साथ-साथ सड़क सुरक्षा के प्रति लोगों का ध्यान भी आकर्षित किया।
ट्रैफिक पुलिस ने छात्राओं की पहल को सराहा
मौके पर ट्रैफिक पुलिस की ओर से पहुंचे एसआई जितेंद्र कुमार सिंह ने छात्राओं के इस प्रयास की सराहना की। उन्होंने कहा कि मध्य विद्यालय मिर्जापुर की छात्राओं ने बेहद सरल और प्रभावी तरीके से लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया है।
उन्होंने कहा कि दोपहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट और चारपहिया वाहन चालकों के लिए सीट बेल्ट सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है। यातायात नियमों का पालन करने से सिर्फ वाहन चालक की ही नहीं, बल्कि उसके परिवार की सुरक्षा भी सुनिश्चित होती है।
“किसी भाई की सड़क हादसे में जान न जाए”
विद्यालय की शिक्षिका कामिनी कुमारी ने अभियान के उद्देश्य को बताते हुए कहा कि रक्षाबंधन के अवसर पर सड़क दुर्घटनाओं में किसी भाई की जान न जाए और कोई घायल न हो, इसी भावना के साथ छात्राओं ने यह पहल की है।
उन्होंने कहा कि राखी के माध्यम से लोगों तक सुरक्षा का संदेश पहुंचाने की कोशिश की गई है। छात्राओं ने वाहन चालकों से अपील की कि वे अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा के लिए हमेशा हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल करें।
भावनात्मक संदेश के साथ सुरक्षा की पहल
मध्य विद्यालय मिर्जापुर की छात्राओं का यह अभियान सड़क सुरक्षा जागरूकता का एक अलग और प्रभावी उदाहरण बनकर सामने आया। राखी के पवित्र धागे को सुरक्षा के संकल्प से जोड़ते हुए छात्राओं ने वाहन चालकों को यह संदेश दिया कि घर पर परिवार उनका इंतजार करता है, इसलिए यातायात नियमों की अनदेखी कर अपनी जिंदगी को खतरे में न डालें।
अभियान का मुख्य संदेश साफ रहा— राखी का रिश्ता तभी सुरक्षित है, जब सड़क पर हर भाई सुरक्षित घर लौटे।


