
Patna New: नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत राज्य की महिलाओं को बड़ी आर्थिक सहायता मिली है। आज कुल 1 करोड़ 81 लाख महिला लाभुकों के खातों में 18 हजार 100 करोड़ रुपये की राशि अंतरित की जा चुकी है।
आज पटना स्थित ‘संकल्प’ सभागार से मुख्यमंत्री ने 25 लाख महिलाओं के खातों में 10 हजार रुपये प्रति लाभुक की दर से 2,500 करोड़ रुपये का सिंगल क्लिक से ट्रांसफर किया। इससे पहले 1 करोड़ 56 लाख महिलाओं को 15,600 करोड़ रुपये दिए जा चुके थे।
महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना और उन्हें अपने पसंद का रोजगार शुरू करने के लिए प्रोत्साहित करना है। जो महिलाएं अपना काम आगे बढ़ाना चाहती हैं, उन्हें अतिरिक्त सहायता भी दी जाएगी ताकि परिवार की आय बढ़ सके और राज्य का समग्र विकास हो।
उन्होंने स्वयं सहायता समूहों (जीविका) की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि इससे लाखों महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है और उनमें आत्मविश्वास बढ़ा है।
2025–2030 के विकास लक्ष्य से जुड़ी योजना
सरकार ने अगले पांच वर्षों में राज्य की आय और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लक्ष्य के तहत इस योजना को प्रमुख आधार बनाया है। हर परिवार की एक महिला को आर्थिक सहायता देकर “दोगुनी आय—दोगुना रोजगार” के लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में काम किया जा रहा है।
लाभुकों ने साझा किए अनुभव
कार्यक्रम में विभिन्न जिलों की लाभुक महिलाओं ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अपने अनुभव साझा किए। कई महिलाओं ने बताया कि योजना से मिली राशि से उन्होंने पशुपालन, सिलाई, दुकान और छोटे व्यवसाय शुरू किए, जिससे परिवार की आर्थिक स्थिति सुधरी और बच्चों की पढ़ाई भी बेहतर हो सकी।
अन्य योजनाओं का भी मिला लाभ
कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि वृद्धजन पेंशन राशि 400 रुपये से बढ़ाकर 1100 रुपये करने सहित कई सामाजिक योजनाओं का लाभ भी महिलाओं और उनके परिवारों को मिल रहा है।




